आंगनवाड़ी केन्द्रों पर होगा रियूसेबल कपड़े के सैनेटरी नेपकिन बनाने का प्रशिक्षण

चित्र बैठक का है ( रिकार्ड फाइल से ) 

 कोविड-19 के दौरान किए गए अध्ययन के अनुसार लॉकडाउन में सैनेटरी नेपकिन की अनुपलब्धता होने से महिलाओं को असुविधा का सामना करना पड़ा। शहरों में सैनेटरी नेपकिन का प्रयोग ज्यादा होता है। ग्रामीण और आदिवासी अंचलों में सैनेटरी नेपकिन के उपयोग का प्रतिशत आर्थिक समस्या और जानकारी के अभाव में काफी कम आंका गया है। महिला बाल विकास विभाग द्वारा इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए महिलाओं और किशोरियों को स्थानीय स्तर पर रियूसेबल कपड़े के नैपकिन बनाने का प्रशिक्षण दिए जाने का निर्णय लिया है।

    संचालक महिला बाल विकास श्रीमती स्वाति मीणा नायक ने जानकारी दी कि 15 जनवरी 2021 तक प्रदेश के सभी 52 जिलों में कुल 17005 आंगनवाडी केन्द्रों पर पायलट प्रोजेक्ट के रूप में कपड़े के सुविधाजनक रियूसेबल सैनेटरी नैपकिन बनाने का प्रशिक्षण दिया जायेगा। यह प्रशिक्षण वॉटर-एड संस्था के तकनीकी सहयोग से ऑनलाइन आयोजित किया जा रहा है।
    इस प्रशिक्षण में स्व-सहायता समूह की महिलाएँ, किशोरी बालिकाएँ, आंगनवाडी कार्यकर्ता एवं सहायिकाएँ शामिल होंगी। श्रीमती नायक ने बताया कि प्रशिक्षण में बनाए गए सेनेटरी नैपकिन्स को महिलाओं एवं किशोरी बालिकाओं को उपयोग के लिए दिया जायेगा एवं उनसे फीड बैक लिया जायेगा। प्रशिक्षण के दौरान बालिकाओं, महिलाओं को माहवारी स्वच्छता पर भी प्रशिक्षण दिया जायेगा। 

सीजर ऑपरेशन के लिये साइना नसीम खान के लिये आयुष्मान कार्ड बना मददगार

साइना पत्नि नसीम खान के सीजर ऑपरेशन के लिये आयुष्मान कार्ड मददगार साबित हुआ। श्रीमती साइना ने बताया कि आयुष्मान कार्ड अगर नहीं होता तो मैं सीजर ऑपरेशन नहीं करा पाती, क्योंकि पति के पास इतना पैसा नहीं था कि वे सीजर ऑपरेशन करा सकते।             
    यह बात हो रही है जौरा अलापुर निवासी 24 वर्षीय श्रीमती साइना बैगम की। श्रीमती साइना को प्रसव पीड़ा होने पर उसका पति नसीम खांन पत्नि को सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र जौरा ले गये, वहां पर श्रीमती साइना का चैकअप करने के बाद पानी जाना ज्यादा बताया। साइना को तेज पीढ़ा होने पर उसे सीधे सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र जौरा से जिला चिकित्सालय मुरैना रैफर कर दिया। श्री नसीम खान ने बताया कि जिला चिकित्सालय में आने पर दो दिन भर्ती रहने पर भी डिलेवरी नहीं हुई तो हम लोंगो को घबराहट होने लगी। परेशान होने पर हमनें चिकित्सक से पूछा तो उन्होंने बताया कि सीजर ऑपरेशन होगा। इस पर मैं घबरा गया, मैं सोचने लगा कि सीजर ऑपरेशन के लिये पैसा कहां से आयेगा। तब मैंने पैसे की बात चिकित्सकों से की तो उन्होंने आयुष्मान कार्ड होने के बारे में पूछा। मेरे पास आयुष्मान कार्ड है, जिसक नंबर पी.एल.एच.2040 परिवार आईडी 38682040 है। मेरे द्वारा आयुष्मान कार्ड प्रस्तुत करने पर पत्नि की डॉ. मयूरी गुप्ता ने सीजर डिलेवरी कराई और बच्चा हो गया। आयुष्मान कार्ड ने हमारी परेशानी को दूर कर दिया। यह कार्ड वास्तव में पत्नि की सीजर डिलेवरी में बहुत उपयोगी सिद्ध हुआ। हम बहुत खुश है कि प्रदेश सरकार ने हमें ऐसा आयुष्मान कार्ड दिया है, जिससे हम अपने परिवार का 5 लाख रूपये तक का निःशुल्क ईलाज करा सकते है। ऐसे प्रदेश के मुखिया श्री शिवराज सिंह चौहान वास्तव में गरीबों के मसीहा है, जिन्होंने हम जैसे गरीबों को निःशुल्क ईलाज कराने की व्यवस्था आयुष्मान कार्ड देकर की है। 

मोबा. नं. 9691188128-7415900696

डी.डी.शाक्यवार  


सीएमओ को कारण बताओ नोटिस एवं 2 कर्मचारियों का वेतन काटने के निर्देश, कलेक्टर अनुराग वर्मा ने नगर पंचायत झुंडपुरा का किया औचक निरीक्षण

कलेक्टर श्री अनुराग वर्मा ने बुधवार को नगर पंचायत झुंडपुरा का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान सहायक ग्रेड 2 श्री संतोष गोयल 12 दिसंबर से अनुपस्थित पाया गया जबकि सहायक ग्रेड 3 प्रदीप वर्मा 28 तारीख से अनुपस्थित था। कलेक्टर ने नाराजगी जाहिर करते हुये दोनों कर्मचारियों के वेतन काटने के निर्देश दिये जिसमें सहायक ग्रेड 2 संतोष गोयल का 9 दिवसीय और सहायक ग्रेड 3 प्रदीप वर्मा का 3 दिन का वेतन काटने के निर्देश दिये। 

वहीं झुण्डपुरा नगर पंचायत के अन्तर्गत साफ-सफाई नियमित नहीं होने के आरोप में कलेक्टर श्री वर्मा ने झुण्डपुरा सीएमओ श्री मनोज शर्मा को चेतावनी के रूप में कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिये है। भ्रमण के समय कलेक्टर ने लोंगो की समस्याओं को सुना, जिसमे लोकेन्द्र जाटव पुत्र भगरी जाटव ने अपना कार्ड बनवाने की समस्या से कलेक्टर को अवगत कराया। वहीं गजराज जाटव ने विवाह सहायता संबंधी आवेदन का निराकरण न करने संबंधी शिकायती आवेदन पत्र कलेक्टर को दिया। कलेक्टर ने आवेदन पर विचार करते हुये उसका समाधान करने का आश्वासन दिया। 


शासन की योजनाओं में गति नहीं लाने वाले नगरीय निकायों के सीएमओ का वेतन रोकन के निर्देश, बामौर सी एम ओ को छोड़ नगर निगम मुरैना सहित बाकी सबका रिकार्ड ठीक नहीं

अंंबाह सी एम ओ रामनिवास शर्मा को कलेक्टर की सख्त चेेतावनी , सस्पेंड किया और कार्यवाही की जायेगी

शासन की महत्वाकांक्षी योजनाओं को निचली बस्तियों तक पहुंचाने के निर्देश हैं किंतु मुरैना जिले के नगर पंचायत बानमौर के सीएमओ को छोड़कर जिले की अन्य नगरीय निकायों के सीएमओ के द्वारा लक्ष्य के अनुरूप गति नहीं दिखाई है। इसलिये बानमोर सीएमओ को छोड़कर जिले की अन्य नगरीय निकायों के सीएमओ का वेतन आहरित नहीं होगा। ये निर्देश कलेक्टर श्री अनुराग वर्मा ने गुरूवार को नवीन कलेक्ट्रेट सभाकक्ष मुरैना में नगरीय विकास की योजनाओं की समीक्षा के दौरान दिये। इस अवसर पर नगरनिगम आयुक्त श्री अमरसत्य गुप्ता, पीओडूडा श्री सारस्वत सहित अंबाह, पोरसा, जौरा, कैलारस, सबलगढ, झुंडपुरा और बानमोर के सीएमओ उपस्थित थे।
    कलेक्टर श्री अनुराग वर्मा ने प्रधानमंत्री पथ विक्रेता योजना की समीक्षा की, जिसमें अंबाह में 208, सबलगढ़ में 309, बानमोर में 465, जौरा में 90, कैलारस में 150, झुंडपुरा में 28 हितग्राहियों को ऋण डिस्पर्स कराने की बात कही। इस पर कलेक्टर श्री  अनुराग वर्मा ने समस्त सीएमओ को निर्देश दिये कि के अभी 160 प्रकरण ऐसे हैं जो बैंकों में स्वीकृत होने के बाद रखे हुये हैं। सभी सीएमओ बैठक के उपरांत सीएमओ अपने-अपने क्षेत्र की बैंकों में बैठकर स्वीकृत प्रकरणों को आज ही डिस्पर्स करायें। कलेक्टर ने समूह बैंक लीकेज, पात्रता पर्ची, राशन वितरण, स्वच्छ सर्वेक्षण, डोर टू डोर कलेक्शन, शहरी पेयजल, मुख्यमंत्री अधोसंरचना, आयुष्मान कार्ड, प्रधानमंत्री आवास की अलग-अलग निकाय द्वारा समीक्षा की। जिसमें अंबाह सीएमओ द्वारा पीएमएवाय में 232 हितग्राहियों में से 101 के आवास स्वीकृत होना बताया, किंतु कार्य पूर्ण होना नहीं। इस पर कलेक्टर ने नाराजगी व्यक्त करते हुये कहा कि शासन का एक करोड 10 लाख रूपये बिना काम के पेंडिंग पड़ा है। इस कार्य को अंबाह सीएमओ श्री रामनिवास शर्मा प्राथमिकता से लें नहीं तो कार्यवाही करूंगा।

नूराबाद पर टूरिस्ट हब बनें : कलेक्टर एवं पुरातत्व अधिकारी ने स्थल का किया निरीक्षण जिले में पर्यटन की संभावनायें खोजी जा रही हैं- कलेक्टर

चंबल में टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिये नूराबाद टूरिज्म का हब बने, इसलिये कलेक्टर श्री अनुराग वर्मा ने पुरातत्व एवं टूरिज्म क्षेत्रीय प्रबंधक अधिकारी ने नूराबाद पुल पर पहुंचकर स्थल का निरीक्षण किया। विदित है कि विगत वर्षों में नूराबाद के पास नदी में वोटिंग करने के लिये नदी में प्लेटफॉर्म आदि बनाने का निर्णय लिया गया था, किंतु इसकी एनओसी किन्हीं कारणों से नहीं मिलने के कारण यह कार्य पूर्ण नहीं हो सका। शासन के निर्देशानुसार नूराबाद टूरिस्ट हब बनें। जिले में पर्यटन की अपार संभावनायें हैं। बुधवार को पुरातत्व विभाग के उपसंचालक श्री एमएस दांगी, टूरिज्म के क्षेत्रीय प्रबंधक श्री राणा, एसडीएम मुरैना श्री आर.एस बाकना, श्री अशोक शर्मा अन्य अधिकारियों ने स्थल का निरीक्षण किया।    
    पुरातत्व विभाग द्वारा बताया गया कि नूराबाद सर्किट हाउस हेरिटेज होटल के रूप में बनें जिससे दिल्ली, आगरा से आने वाले पर्यटक जो ग्वालियर एवं मुरैना जिले की परासंपदाओं का अवलोकन करने के लिये जायेंगे तब वे नूराबाद रेस्ट हाउस पर रूककर सुविधाओं का लाभ उठा सकेंगे। उन्होंने बताया कि नूराबाद पर वोटिंग लुत्फ उठाने के लिये वोटिंग का प्रबंध भी किया जावेगा। इसके बाद आस-पास की पुरासंपदाओं जैसे मितावली, पढ़ावली, बटेश्वरा एवं शनिचरा का भी अवलोकन कर सकेंगे। इसलिये जिल प्रशासन के द्वारा नूराबाद पुल का अवलोकन कर वहां पिछले वर्ष हुये कार्यों का भी स्थल निरीक्षण किया।  

थायलेंड का हाई एप्पल बेर मुरैना में हो रहा है पैदा, शासन की मदद निर्मला के लिये बनीं वरदान

 उद्यानिकी और सब्जियों की खेती किसानों के लिये लाभप्रद बनती जा रही है। किसानों की आमदनी में बढोतरी के लिये राज्य शासन के प्रयास फलिभूत होते दिखाई दे रहे हैं। किसानों को फलों और सब्जियों की खेती के लिये प्रोत्साहित किया जा रहा है। इसका एक उदाहरण मुरैना के ग्राम मैंथाना के कृषक श्रीमती निर्मला देवी पत्नि श्री अरविन्द ने थायलेंड का हाई एप्पल बेर उगाकर  उन्नत खेती में इजाफा करके आमदनी में बढ़ौत्री की है।      
   श्रीमती निर्मलादेवी पत्नि श्री अरविन्द एक प्रगतिशील कृषक है, जो कि सामान्यतः पिछले वर्षो से ग्राम मैंथाना में पारंपरिक खेती गेंहू, मिर्ची, गाजर उगाकर अपनी जीविका का उपार्जन कर रहे थें। उद्यानिकी विभाग के सहायक संचालक श्री बीएस भदौरिया द्वारा पिछले वर्ष दिये मार्गदर्शन पर एक हेक्टेयर में थायलेंड से हाई एप्पल बेर के पेड़ लगाये गये।         
     




श्रीमती निर्मलादेवी पत्नि अरविन्द ने बताया कि मन में एक टीस रहती थी कि उद्यानिकी की उन्नत ऐसी खेती की जाये कि उससे आमदनी अधिक हो। इसलिये थायलेंड से हाई एप्पल बेर उद्यानिकी विभाग द्वारा मंगाया गया, जिसमें उद्यानिकी विभाग के मार्गदर्शन में पेड़ों को संतुलित मात्रा में पोषक तत्व दिए, जिसमें 250 ग्राम नाइट्रोजन, 250 ग्राम फास्फोरस, 500 ग्राम पोटाश प्रति पौधा प्रयोग किया गया, जिसके कारण एक वर्ष में ही हाई एप्पल बेर आना शुरू हुये। शासन द्वारा मनरेगा योजना के तहत प्रति माह 10 हजार के मान से अभी तक एक लाख रूपये की राशि मेरे खाते में आ चुकी है, यह मैंने अपने ही खेत में मजदूरी की, जिसका शासन द्वारा पारिश्रमिक तौर पर खाद, बीज आदि के लिये प्राप्त हुआ। इस समय हाई एप्पल बेर फल फुल क्षमता के साथ आ चुका है, इसका मेरे द्वारा पहले राउंड में ग्वालियर में बेचा जा चुका है, अभी भी 300 क्विंटल बेर उतरनें वाला है, जिसे मैं दिल्ली की मंडी में विक्रय करने के लिये ले जाऊंगा। किसान श्रीमती निर्मला देवी पत्नि अरविन्द बताते हैं कि उद्यानिकी विभाग से मार्गदर्शन प्राप्त कर कोई भी किसान उन्नत खेती की तकनीक को अपना सकता है और अपनी आय को बढ़ा सकात है।

     


     मोबा. नं. 6266710553 

    डी.डी.शाक्यवार , जिला जनसंपर्क अधिकारी , जिला मुरैना म प्र 



न्यू कलेक्ट्रेट परिसर के पिछले हिस्से में चलाया सफाई अभिययान

प्रदेश सरकार की पहल पर स्वच्छता अभियान के तहत न्यू कलेक्ट्रेट परिसर के पिछले हिस्से में सफाई अभियान चलाया गया। यह अभियान नगर निगम कमिश्नर श्री अमरसत्य गुप्ता के निर्देश पर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राकेश श्रीवास्तव, एसआई श्री चन्द्रशेखर एवं दरोगा श्री रवी द्वारा टीम को लेकर सफाई अभियान चलाया। सफाई अभियान इसके बाद न्यू हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी, जौरा रोड़ पर भी सफाई अभियान चलाया गया। इस अवसर पर सहायक स्वच्छता अधिकारी श्री केशव सिंह, प्रशांत पचौरी, दाताराम पिप्पल आदि उपस्थित थे। 

रोजगार मेले में 334 युवाओं का चयन हुआ

 मध्यप्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन द्वारा बुधवार 30 दिसम्बर को कलेक्टर श्री अनुराग वर्मा के निर्देशन में जनपद पंचायत कैलारस में रोजगार मेले का आयोजन किया गया।

    रोजगार मेले में 9 कंपनियों द्वारा भाग लिया गया जिसमें 675 बेरोजगार युवाओं का पंजीयन हुए जिसमें विभिन्न कंपनियों द्वारा 334 युवक एवं युवतियों का चयन किया गया। मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत कैलारस एपी प्रजापति एवं जिला परियोजना प्रबंधक जिला पंचायत मुरैना श्री दिनेश सिंह तोमर जिला प्रबंधक धर्मेंद्र करवरिया वाह एन आर एल एम कैलारस के विकासखंड प्रबंधक सुरजीत सिंह चौहान उपस्थित थे।

आबादी भूमि सर्वेक्षण का कार्य ड्रोन के माध्यम से होगा

 जिले में आबादी भूमि सर्वेक्षण कार्य ड्रोन से किया जाना है। इस संबंध में कलेक्टर श्री अनुराग वर्मा के निर्देशन में संयुक्त कलेक्टर श्री एल के पाण्डे ने जिले के समस्त तहसीलदारों को निर्देश जारी किये हैं कि आगामी चरण में इस सप्ताह भारतीय सर्वेक्षण विभाग (एसओआई) के अधिकारियों कर्मचारियों के द्वारा ग्रामों के आबादी भूमि के सर्वे हेतु ड्रोन उडाने की कार्यवाही किया जाना संभावित है। इस संबंध में समस्त तहसीलदार ड्रोन उडाने की कार्यवाही से पूर्व स्थल का चयन कर पूर्व तैयारी किया जाना सुनिश्चित करें एवं स्थल चयन की कार्यवाही से इस कार्यालय को अवगत करायें।

भ्रष्टाचार और अंधेरगर्दी की भेट चढ़ी मुरैना की बिजली , अघोषित और अंधाधुंध बिजली कटौती से लोगों का जीना हुआ मुहाल

 मुरैना विगत 29 दिसम्बर से चालू की गयी पूरे दिन और रात भर की अघोषित अंधाधुंध बिजली कटौती मुरैना में नये वर्ष पर भी जारी है , नये साल के पहले दिन पहली जनवरी को ही भ्रष्ट व निकम्मे बिजली कर्मियों की मेहरबानी से मुरैना वासियों  का खाता ही अघोषित व अंधाधुंध बिजली कटौती के ही साथ खुला । दिन भर बिजली कटने के बाद इस खबर के लिखे और प्रकाशित किये जाने के बाद शाम 6:45 बजे से फिर चल रही बिजली कटौती जारी है । 

बिजली के जाने की शैली बता देती है कि लाइन ट्रिप या फाल्ट हुयी या जानबूझ कर काटी गयी है - बिजली जब झटके और स्पार्किंग के साथ रोजाना ही काटी जाती है , हर वक्त हर समय काटी जाती है तो स्पष्टत: यह भी पता चल जाता है कि भ्रष्ट व निकम्मे बिजली कर्मी जानबूझ कर बिजली के कनेक्शनों से खिलवाड़ और छेड़खानी कर जनता से खेल रहे हैं ।      

·        ग्वालियर हाई कोर्ट के जूरिस्डिक्शन क्षेत्रांतर्गत कार्य करेगा लीगल एड क्लिनिक ·        गरीबों , लाचारों को मिल सकेगी मुफ्त कानू...